कोमल एक 24 साल की शादीशुदा औरत थी छोटे शहर से रायपुर आई हुई। वह अपने पति कपिल के साथ एक छोटे से कमरे में रहती थी। कपिल कंपनी में सुपरवाइजर था और उनका कमरा एक गली में था जहाँ नीचे बैटरी की दुकान थी।
दुकान नितेश नाम के 30 साल के मस्कुलर युवक को किराए पर दी गई थी। कोमल और कपिल की शादी को डेढ़ साल हो चुके थे। पहले साल में उनकी जिंदगी सेक्स से भरी हुई थी।
कपिल की शिफ्ट ड्यूटी के कारण वे जब भी मिलते चोदते रहते। छुट्टियों में घर पर अंडरवियर तक न पहनते। नीली फिल्में देखकर चुदाई और तेज हो जाती।
कोमल को रायपुर आने के बाद सेक्स के बारे में बहुत कुछ पता चला। वह कपिल के साथ चुदते हुए गोविंद टावर या जलमहल में देखे गए कपल्स के बारे में कल्पना करती। लेकिन एक साल बाद चुदाई रूटीन हो गई।
कोमल कपिल को खुश करने के लिए ही चुदती। मन न हो तो भी टांगें फैला देती लेकिन कभी मना भी कर देती। कपिल ने उसे उत्तेजित करने की कई कोशिशें कीं कभी सफल कभी असफल।
चुदाई के दौरान कपिल दोस्तों की बीवियों और पड़ोसियों के बारे में गंदी बातें करता। पहले कोमल को गुस्सा आता लेकिन बाद में उसके लिए मान लेती। एक अंग्रेजी फिल्म देखी जिसमें कपल्स अपनी फैंटसी पूरी करते थे।
कपिल ने कोमल से कहा कि वह उसके दोस्तों के बारे में कल्पना करे। कोमल ने मना किया लेकिन कपिल ने जिद की। आखिरकार कोमल ने अपनी इच्छा नहीं बताई।
कपिल ने पूछा कि हाथ में बड़ा मोटा काला लंड हो तो कैसा लगेगा। कोमल चौंक गई लेकिन गुप्त रूप से उत्तेजित हो गई। कपिल ने कबूल किया कि वह दोस्तों की बीवियों और पड़ोसियों को चोदना चाहता है। कोमल ने मना किया लेकिन कपिल ने कहा कि दोनों एक दूसरे को चोदने दें।
कोमल ने इनकार किया लेकिन कपिल ने जिद की। आखिरकार सहमति हुई कि दोनों बेशर्म गंदी बातें करेंगे। कोई सीमा नहीं। बाहर निकलते समय बॉडी एक्सपोज करें। गहरे नेक ब्लाउज पहनें शादियों में।
कोमल को आदमियों के घूरने का मजा आने लगा। इससे चुदाई और गर्म हो जाती। कपिल कहता कि आदमी उसे घूरते हैं और उसके नाम पर मुठ मारते हैं। कोमल खेल में आ जाती और कहती कि वह उन्हें चोदेगी।
इससे कपिल को जलन और डर लगता लेकिन उत्तेजना भी। कोमल अब गुप्त रूप से दूसरे मर्दों के बारे में कल्पना करने लगी। मस्कुलर आदमियों को देखकर चूत गीली हो जाती।
नीचे बैटरी की दुकान नितेश चलाता था। कोमल बाहर जाते समय उसे देखती। नितेश शरमाते हुए नमस्कार करता। एक दिन खिड़की से कोमल ने देखा नितेश गली में पेशाब कर रहा है।
उसका 9 इंच लंबा मोटा काला नसों वाला लंड बाहर निकला हुआ। कोमल की चूत तुरंत भीग गई। मन किया कूदकर उसे चोद लूँ।
यह रोज की रूटीन बन गई। कोमल खिड़की पर इंतजार करती। नितेश दिन में 2-3 बार पेशाब करता। कोमल उत्तेजित हो जाती।
कपिल के साथ चुदाई में नितेश का लंड कल्पना करती और नकली उत्तेजना दिखाती। कपिल का चोदना अब संतुष्टि नहीं देता। कोमल की चूत प्यासी रहती।
एक दिन नितेश ने कोमल को देख लिया पेशाब करते हुए। लंड हाथ से फिसला और झूल गया। वह जल्दी से छिपाया और भाग गया।
उसके बाद नितेश पेशाब करते समय रुकता। लंड को लंबे समय तक हिलाता। जानता था कि सेक्सी बीवी देख रही है।
कपिल शहर से बाहर गया। कोमल अकेली। नितेश पेशाब कर रहा था।
कोमल ने आँख मारी और ऊपर आने का इशारा किया। नितेश दौड़ता हुआ ऊपर आया। दोनों ने जोरदार आलिंगन किया। भूखे जैसे चूमे। अनजान मर्द की बाहों का रोमांच।
नितेश बोला, “कोमल जी आप कितनी खूबसूरत और सेक्सी हो। कपिल जी बहुत लकी हैं।”
कोमल हँसी, “नितेश तुम्हारा मस्कुलर बदन देखते ही से दिन आ गया था। तुम्हारी चोदाई से मेरी सारी इच्छाएँ पूरी हो जाएँगी।”
नितेश ने उसके बाल सहलाए। कोमल ने उसके कान चाटे।
वह उसके बदन को पकड़ लिया। नितेश ने गाउन उतारा। चेहरे पर रखा। एक दूसरे के कपड़े उतारे। नितेश ने उसे गोद में उठाया और बिस्तर पर लिटाया।
कोमल ने ब्रा खोली। नितेश ने चुचियाँ चूसी। कोमल ने उसका लंड पकड़ा और हिलाया। नितेश बोला, “रुको वरना झड़ जाऊँगा।”
कोमल ने पैंटी उतारी। नितेश ने चूत में उंगली डाली। कोमल ने लंड सहलाया।
नितेश ने नाभि चाटी फिर चूत चाटने लगा गहराई से। कोमल ने टांगें फैलाईं और सिसकारियाँ लीं। फिर कोमल ने उसका मोटा गर्म लंड मुह में लिया। कपिल के साथ कभी ऐसा नहीं किया। लॉलीपॉप की तरह गहराई तक चूसा।
नितेश बोला, “यह लंड अब हमेशा तुम्हारा है। जितना चाहो इस्तेमाल करो।”
दोनों 69 पोजीशन में आए। एक दूसरे को चूसते रहे। कोमल बोली, “अब चोदो ना। कपिल चाहता था कि कोई स्टड जैसे तुम मुझे चोदे।”
नितेश ने मिशनरी में लंड चूत पर रगड़ा। आधा अंदर ठूँसा। कोमल चीखी, “धीरे पहले फिर जोर से।”
पूरी तरह अंदर। नितेश बोला, “कितनी टाइट रबर जैसी चूत है। लंड को चिपकाए पकड़ रही है। तुम तो मुझे झाँकती रहती हो ना।”
जोरदार चोदाई शुरू। चुचियाँ चूसीं। 10 मिनट बाद दोनों झड़े। चूमे। बाथरूम में साफ हुए। फिर कोमल ने लंड चूसा।
डॉगी स्टाइल। नितेश ने पीछे से चुचियाँ पकड़ीं। चूत में लंड ठोका। गांड पर थप्पड़ मारे। उंगली डाली। कोमल दर्द और मजा में सिसकी, “तेज तेज।”
तलई गुदे के नीचे रखी गहरी चोदाई। कोमल बोली, “लंड गांड पर रगड़ो।”
नितेश, “गांड मारूँ?”
कोमल, “हाँ कुंवारी गांड तुम्हारी। धीरे से।”
पहला धक्का 2 इंच। कोमल चीखी दर्द से बाहर निकाला फिर धीरे डाला कोमल ने चुचियाँ दबाईं।
टाइट गांड में जोरदार ठोके। नितेश गांड में झड़ गया………………………………..