मेरा नाम कोमल है। मैं लखनऊ की रहने वाली हूं। उम्र 42 साल। शादीशुदा हूं अजय से जो 45 साल का है। हमारी एक बेटी है जो कनाडा में पढ़ाई कर रही है। मैं खुद को एक बड़ी रंडी कहती हूं।
बचपन से ही सेक्स के लिए पागल रहती हूं। जवान होने से पहले ही सेक्स स्टोरीज और पॉर्न देखने लगी थी। पहली चुदाई 17 साल की उम्र में हुई थी। मेरे बूब्स 40 साइज के हैं।
कमर पतली है जैसे कोई जवान लड़की की। गांड इतनी बड़ी है कि लड़के पागल हो जाते हैं इसे देखकर।
मैं अपनी पूरी कहानी सुनाती हूं। कॉलेज के दिनों में मैंने 4-5 लड़कों से अफेयर किया था। ग्रुप सेक्स भी बहुत किया। सब कुछ पति से छिपाया। शादी के बाद भी कई लड़कों के साथ वन नाइट स्टैंड किए।
लेकिन अजय से सच्चा प्यार है। हम रोज चुदाई करते थे। अचानक अजय ने काम के स्ट्रेस से एक हफ्ते चुदाई बंद कर दी। मेरी चूत रातों को गीली हो जाती। मैं तड़पती रहती।
एक रात मैंने अजय का लंड पकड़ लिया। जबरदस्ती कन्फेस करवाया। वो रोने लगा। बोला बिजनेस में 60 लाख का नुकसान हो गया। कर्ज हो गया। मैंने कहा गहने बेच दो। कार बेच दो। दोस्तों से मांगो। मां बाप से कहो। लेकिन कुछ नहीं हुआ। सब बिक गया। कोई मदद नहीं की।
तभी अजय का पुराना बॉस सेठ दुबई से आया। लग्जरी घर में रुका। बोला पूरा कर्ज चुकाएगा अगर कोमल 3 महीने उसके साथ रहे। मजबूरी में हां कर दी। अजय को अच्छा नहीं लगा लेकिन बेटी भूखी न रहे इसके लिए हां बोला।
पहला दिन होटल में। अच्छा खाना पीना। कोई नहीं आया। घबरा रही थी लेकिन फैमिली के लिए तैयार। सेठ आया। मुझे कसकर抱 लिया। बोला मेरे दो पार्टनर राहुल और फैसल आएंगे। उन्हें खुश कर दो। फिर चला गया।
एक घंटे बाद दो लंबे मसल वाले आदमी आए। राहुल और फैसल। मुझे बेड पर लिटा दिया। राहुल ने धीरे से कुर्ती के बटन खोले। ब्रा के ऊपर से 40 साइज बूब्स सहलाए।
मोटी उंगलियों से दबाया। निप्पल्स सख्त हो गए। ब्रा उतार फेंकी। नंगे बूब्स पकड़े। बोला ‘रंडी तू।’ जोर से दबाया। अंगूठे और उंगली से निप्पल्स मसले खींचे।
मैं कराही ‘आह राहुल धीरे से दर्द हो रहा है।’ लेकिन सांस तेज हो गई। कूल्हे ऊपर हो गए। राहुल ने एक निप्पल चूसा। जीभ से घुमाया। हल्का काटा। दूसरे बूब को मसला। फैसल ने सलवार खोली।
पैंटी के ऊपर चूत रगड़ी। क्लिट पर उंगलियां दबाई। हंसा ‘देख कितनी गीली हो गई।’ पैंटी फाड़ दी। जांघें फैलाई। शेव्ड चूत देखी। बोला ‘कई साल से कोई पराया लंड नहीं लिया?’ उंगलियां चूत की लिप्स पर। दो उंगलियां अंदर डालीं।
फैसल ने जींस उतारी। उसका लंड भी मोटा। 8 इंच। चूत पर रगड़ा। ‘तैयार है?’
मैं मुंह से लंड निकाल बोली ‘हां चोदो।’
फैसल ने लंड चूत पर सेट किया। एक धक्का। आधा अंदर। ‘आआआह्ह्ह… बड़ा है। धीरे।’ मैं चीखी। वो पूरा ठूंस दिया। चोदने लगा। जोर जोर से। बेड हिलने लगा।
राहुल लंड मुंह में फिर डाला। दोनों छोर से चोद रहे। मैं आहें भर रही। ‘उम्म्म… आह्ह… चोदो… और जोर से।’
10 मिनट बाद फैसल बोला ‘मैं झड़ने वाला हूं।’
‘अंदर ही डाल दो।’ मैं बोली।
स्पर्म चूत में भरा। गर्म। वो निकला। राहुल आया नीचे। मुझे उल्टा किया। डॉगी स्टाइल। गांड ऊपर। लंड चूत में। ‘गांड भी मोटी है। बाद में चोदेंगे।’ धक्के मारे। बूब्स लटक रहे। पकड़ लिए। खींचे।
फैसल रिकवर हो गया। मुंह में लंड डाला। फिर से डबल पेनेट्रेशन।
मैं चिल्लाई ‘हां… चोदो रंडी को… फाड़ दो चूत।’
राहुल झड़ा। चूत में। गर्म स्पर्म। मैं भी ऑर्गेज्म आई। चूत सिकुड़ गई।
वे हंसे। ‘अभी तो शुरूआत है।’
आराम किया। पानी पिया। फिर फैसल ने मुझे गोद में उठाया। लंड चूत में डाला। उछालने लगा। ‘हंसो रंडी।’
राहुल पीछे से आया। गांड पर थूक लगाया। उंगली डाली। ‘गांड तैयार है?’
मैं बोली ‘हां लेकिन धीरे।’
लंड स्लो डाला। दर्द हुआ। ‘आआह्ह्ह… फट गई।’
दोनों ने सैंडविच बनाया। ऊपर नीचे धक्के। मैं पागल हो गई। ‘चोदो… गांड चूत दोनों फाड़ो।’
मैं थक गई लेकिन खुश। कर्ज चुक जाएगा।
ये मेरी सच्ची कहानी है। क्या मैंने सही किया? कमेंट में बताओ। अपनी स्टोरीज शेयर करो।