सकीना बेगम, उत्तर प्रदेश के शाहजहाँपुर शहर की एक खूबसूरत और आकर्षक महिला हैं। उनकी उम्र 26 साल है और वे शादीशुदा हैं। उनका चेहरा गुलाबी दमक के साथ चमकता है, लंबे काले बाल जो कमर तक लहराते हैं, और आंखें जो किसी को भी मोह ले लें।
उनका शरीर दुबला-पतला लेकिन आकर्षक है, जहां उनकी छाती पर भरे हुए स्तन और नितंबों की गोलाई किसी को भी दीवाना बना दे। सकीना की शादी समीर से हुई थी, जो एक सौम्य और प्यार करने वाले इंसान हैं।
समीर सकीना की बहुत परवाह करते हैं और उनकी सेक्स लाइफ बेहद उत्तेजक और रोमांचक रही है। हर रात वे दोनों बिस्तर पर एक-दूसरे के साथ घंटों बिताते हैं, जहां सकीना अपने पति के लंड को चूसती है, और समीर उसकी चूत को चाटता है।
यहां तक कि पीरियड्स के दौरान भी वे सेक्स करते हैं, जहां समीर सकीना के खून से सनी चूत में अपना लंड डालकर जोर-जोर से धक्के मारता है। सकीना चीखती है, ‘आह समीर, और जोर से चोदो मुझे!’ और समीर हंसते हुए कहता है, ‘तुम्हारी चूत कितनी गर्म है सकीना, मैं तुम्हें कभी न छोड़ूंगा।’
यह कहानी पांच साल पुरानी है, जब सकीना की मां को गंभीर बीमारी हो गई थी। सकीना को तुरंत जाना पड़ा, लेकिन उन्होंने समीर को कुछ नहीं बताया। वे चुपके से घर से निकल गईं और मां के घर पहुंचकर दरवाजा बंद कर लिया।
समीर को जब यह पता चला, तो वे बेहद गुस्सा हो गए। वे सकीना को फोन करते रहे, लेकिन सकीना ने फोन नहीं उठाया। आखिरकार, जब सकीना लौटीं, तो समीर ने गुस्से में तीन बार तलाक बोल दिया। ‘तलाक! तलाक! तलाक!’ ये शब्द सकीना के कानों में गूंज गए।
सकीना रो पड़ीं और बोलीं, ‘समीर, मुझे माफ कर दो, मैंने गलती की है। लेकिन अब क्या होगा?’
समीर को भी पछतावा हुआ, लेकिन इस्लामी कानून के अनुसार, तीन तलाक के बाद हलाला ही एकमात्र रास्ता था। हलाला का मतलब था कि सकीना को किसी दूसरे मर्द से शादी करनी होगी, उसके साथ एक रात गुजारनी होगी, और फिर तलाक लेकर वापस समीर से शादी कर सकती थीं।
समीर ने सकीना से कहा, ‘मैं तुम्हें खोना नहीं चाहता सकीना। हम हलाला करेंगे। लेकिन किसके साथ?’ सकीना डर गईं, लेकिन समीर ने उनकी सहेली गुलशन से बात की। गुलशन की शादी अहमद से हुई थी, जो एक मजबूत कद-काठी का आदमी था।
गुलशन ने सोचा और कहा, ‘ठीक है समीर भाई, अहमद तैयार हो जाएगा। लेकिन यह सिर्फ हलाला के लिए है, कुछ और नहीं।’
अगले दिन, हलाला की रस्म पूरी की गई। मौलवी साहब ने कागजात तैयार किए और सकीना की शादी अहमद से करवा दी। सकीना का दिल धड़क रहा था। वे सोच रही थीं, ‘अब क्या होगा? अहमद के साथ रात कैसे गुजरेगी?’ शादी के बाद, सभी लोग चले गए और सकीना को अहमद के साथ एक कमरे में छोड़ दिया गया।
कमरा सजा हुआ था, बिस्तर पर फूल बिछे थे। अहमद अंदर आया, उसकी आंखों में चमक थी। वह लंबा था, मांसल शरीर वाला, और उसके लंड की अफवाहें सकीना ने सुनी थीं कि वह बहुत बड़ा है।
अहमद मुस्कुराया और बोला, ‘सकीना, डरो मत। यह सिर्फ रस्म है। लेकिन रात तो गुजारनी ही पड़ेगी।’
सकीना शर्मा गईं और बोलीं, ‘अहमद भाई, कृपया नरमी से। मैं समीर से बहुत प्यार करती हूं।’ अहमद ने सकीना का हाथ पकड़ा और उन्हें बिस्तर पर बिठा लिया। वह धीरे-धीरे सकीना की साड़ी खोलने लगा।
सकीना की साड़ी सरक गई, और उनका ब्लाउज दिखा, जिसमें उनके भरे हुए बूब्स उभरे हुए थे। अहमद ने ब्लाउज खोला और सकीना के स्तनों को नंगा कर दिया। वे गोल और सख्त थे, निप्पल्स गुलाबी रंग के।
अहमद ने एक स्तन को मुंह में लिया और चूसने लगा। सकीना सिहर उठी, ‘आह अहमद, यह क्या कर रहे हो?’ लेकिन अहमद नहीं रुका। वह दूसरे स्तन को भी चूसा, और हाथ से सकीना की चूत पर मलने लगा। सकीना की चादर हट गई, और उनकी चूत नंगी हो गई। वह गीली हो रही थी, भले ही मन से न चाहती हों।
अहमद ने अपनी पैंट उतारी और अपना लंड बाहर निकाला। वह सचमुच बहुत बड़ा था, कम से कम 8 इंच लंबा और मोटा। सकीना की आंखें फटी की फटी रह गईं। ‘यह इतना बड़ा कैसे?’ अहमद हंसा और बोला, ‘अब देखो सकीना, कैसे चोदता हूं तुम्हें।’
वह सकीना को लिटा दिया और उनके पैर फैला दिए। सकीना की चूत गुलाबी और रसीली थी। अहमद ने अपना लंड सकीना की चूत पर रगड़ा, और फिर एक झटके में अंदर डाल दिया। सकीना चीख उठी, ‘आआह! दर्द हो रहा है!’
लेकिन अहमद ने जोर से धक्का मारा, और लंड पूरी तरह अंदर चला गया। वह ऊपर-नीचे होने लगा, हर धक्के के साथ सकीना के बूब्स उछल रहे थे। सकीना दर्द से तड़प रही थी, लेकिन धीरे-धीरे आनंद आने लगा। ‘ओह अहमद, और तेज!’ वह बोलीं। अहमद ने स्पीड बढ़ाई, और कमरे में चपचाप की आवाज गूंजने लगी।
वे दोनों पोजीशन बदलते रहे। पहले मिशनरी में, फिर सकीना को डॉगी स्टाइल में किया। अहमद ने सकीना के बाल पकड़े और पीछे से लंड डाला। सकीना की गांड हिल रही थी, और वह चिल्ला रही थी, ‘हां, चोदो मुझे जोर से!’
अहमद ने उनके गाल पर थप्पड़ मारा, ‘रंडी, ले ले मेरा लंड!’ यह हलाला की रात थी, लेकिन सेक्स इतना जंगली हो गया कि सकीना भूल गईं कि यह सिर्फ रस्म है। अहमद ने सकीना को उल्टा लिटाया और उनके मुंह में लंड डाल दिया।
सकीना ने चूसा, जीभ से चाटा, और अहमद का वीर्य उनके मुंह में छूट गया। वे निगल गईं। फिर अहमद ने फिर से चूत में डाला और आखिरकार चूत के अंदर ही झड़ गया। सकीना थककर लेट गईं, उनकी चूत से वीर्य बह रहा था।
सुबह होने पर, अहमद ने सकीना को तलाक दे दिया। सकीना रो रही थीं, लेकिन मन में अजीब सा आनंद था। वे समीर के पास लौटीं। समीर ने पूछा, ‘कैसी रही रात?’ सकीना ने हिचकिचाते हुए कहा, ‘समीर, सब ठीक रहा।
अब हम फिर शादी कर लें।’ लेकिन कहानी यहीं खत्म नहीं होती। हलाला के बाद, सकीना और अहमद के बीच एक अनोखा रिश्ता बन गया। गुलशन को शक हो गया, और एक दिन उसने सकीना को पकड़ लिया।
तुम दोनों के बीच क्या चल रहा है?’ गुलशन ने पूछा। सकीना ने कबूल किया, ‘गुलशन, हलाला के बाद अहमद मुझे भूल नहीं पा रहा। और मैं भी…’
गुलशन गुस्सा हो गई, लेकिन फिर सोचा। ‘ठीक है, लेकिन अगर मैं शामिल हो जाऊं?’ एक रात, तीनों मिले। गुलशन, सकीना और अहमद। कमरा अंधेरा था, मोमबत्तियां जल रही थीं। गुलशन ने सकीना की साड़ी उतारी और उसके बूब्स चूसे। सकीना आहें भर रही थी।
अहमद ने दोनों की चूतें चाटीं। फिर अहमद ने गुलशन को चोदा, और सकीना देख रही थी। सकीना ने कहा, ‘अहमद, अब मेरी बारी।’ अहमद ने सकीना की गांड में लंड डाला, पहली बार एनल सेक्स।
सकीना दर्द से चीखी, लेकिन आनंद में डूब गई। ‘हां, गांड मारो!’ वे तीनों घंटों तक सेक्स करते रहे, एक-दूसरे के शरीर पर पसीना, वीर्य और चूत का रस बह रहा था।
लेकिन यह अनैतिक संबंध बढ़ते गए। एक दिन, समीर को पता चल गया। वह गुस्से से तिलमिला उठा। ‘सकीना, तुमने मेरे साथ धोखा किया!’ समीर ने चिल्लाया। सकीना रो पड़ी, ‘समीर, माफ कर दो। हलाला के बाद सब बिगड़ गया।
समीर ने फैसला किया कि वह सकीना को सजा देगा। उसने सकीना को बांध लिया और जबरदस्ती सेक्स किया। सकीना की चूत में लंड घुसेड़ा, बिना किसी नरमी के। ‘ले रंडी, यह तेरी सजा है!’ समीर बोला।
सकीना चीखी, लेकिन कहीं न कहीं उसे यह पसंद आया। यह बलात्कार जैसा था, लेकिन उनके रिश्ते में नया मोड़ लाया।
समीर ने अहमद को बुलाया और कहा, ‘अब तू भी शामिल हो।’ एक गैंगबैंग जैसी स्थिति बनी। समीर और अहमद ने सकीना को एक साथ चोदा। समीर ने चूत में, अहमद ने मुंह में। सकीना के शरीर पर थप्पड़ पड़ रहे थे, बाल खींचे जा रहे थे।
आह, और जोर से!’ सकीना चिल्लाई। गुलशन भी आ गई और सकीना की चूत चाटने लगी। यह चार लोगों का अश्लील खेल बन गया। सकीना की चूत सूजी हुई थी, लेकिन वह थक नहीं रही थी।
धीरे-धीरे, सब कुछ सामान्य होने लगा। सकीना ने समीर से माफी मांगी और वे फिर शादी कर ली। अब वे खुश हैं, लेकिन कभी-कभी पुरानी यादें ताजा हो जाती हैं। सकीना समीर से कहती हैं, ‘समीर, हलाला ने हमें नया जीवन दिया।
समीर हंसता है, ‘हां, लेकिन अब सिर्फ तू और मैं………………..